दिल्ली में एक बार फिर लव जिहाद का ज़हरीला चेहरा सामने आया है। मामला वसंतकुंज थाना क्षेत्र का है, जहाँ मोहम्मद रेहान नाम के युवक ने अपनी पहचान छिपाकर एक हिंदू युवती को अपने प्यार के जाल में फंसा लिया। उसके बाद वो पीड़िता का आर्थिक और शारीरिक शोषण भी करता था।
रेहान के हाथ में कलावा, सोशल मीडिया पर हिंदू प्रतीकों के साथ तस्वीरें… सब कुछ सिर्फ एक छलावा था।
18 जून को पीड़िता ने जब रेहान से शादी की बात की, तो उसने इनकार कर दिया। भावनात्मक रूप से टूट चुकी पीड़िता ने उसी वक़्त तेज़ाब पी लिया। जिसके बाद उसे बेहद गंभीर स्थिति में दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ अभी वह ICU में ज़िंदगी और मौत के बीच झूल रही है।
फिलहाल जिहादी रेहान गिरफ्तार हो चुका है, मगर सवाल ये है कि क्या पीड़िता को इन्साफ मिलेगा?
यह हालिया दिनों में दिल्ली से आया लव जिहाद का तीसरा मामला है।
कुछ दिन पहले तौफ़ीक़ नाम के कट्टर मुस्लिम ने नेहा नाम की हिन्दू युवती जो उसे राखी बांधती थी, उसे पांचवीं मंज़िल से धक्का देकर मार दिया क्यूंकि नेहा ने उससे निकाह करने से इनकार कर दिया था। वहीं यश नाम के एक हिन्दू लड़के की हत्या जिहादियों ने चाकुओं से गोद के कर दी थी।
इन सब केसेस की मोडस ऑपरेंडी हर बार एक ही होती है। इन जिहादी अपराधों की किताब भी हर बार एक ही होती है, हालाँकि इस किताब को पढ़ कर इस पर अमल करने वालों के तरीके हर बार कुछ नायाब होते हैं।
जैसे इस केस में हाथों में कलावा बांधकर खुद को हिन्दू बतान था। ठीक मुंबई आतंकी हमले के ज़िम्मेदार आतंकवादी अजमल कसाब की तरह।
मगर मीडिया में एक होड़ सी लगी है लव जिहाद को मिथ्या बताने की। बीते दिनों जिहादी मानसिकता से ग्रसित एक व्यक्ति मध्य प्रदेश हाई कोर्ट पहुँच गया था, क्योंकि उसे लव जिहाद शब्द के प्रयोग से समस्या थी।
NDTV के पूर्व पत्रकार श्रीनिवासन जैन ने तो लव जिहाद को काल्पनिक बताने के लिए पूरी एक किताब ही लिख दी। जिसके विमोचन में कांग्रेस और उसके सहयोगी दल के बड़े नेता भी पहुंचे थे। याद रखिये बीमारी को जड़ से तब ही मिटाया जा सकता है, जब बीमारी को पहले पहचानना शुरू करें।





