छात्रों के लिए सिर्फ़ बातें करना और उनके लिए सही में चिंता करना दो अलग अलग बातें हैं आज NEET के एग्जाम में भी प्रूव हो गया। 21 जून को बेंगलुरु में कांग्रेस की मेगा रैली की वजह से कई बच्चों का NEET एग्जाम छूट गया, इसके वीडियोज भी सामने आए जिसमें बच्चे एकदम असहाय दिखे।
बच्चे बेंगलुरु के मल्लेश्वरम में जाम में इसलिए फँस गए थे क्योंकि आज बीके हरिप्रसाद कर्नाटक कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष पद का पदभार ग्रहण करने जा रहे थे, इसके लिए मेगा रैली प्लान की गई थी। इस मेगा कार्यक्रम में राज्य के मुख्यमंत्री और अब तक के प्रदेश अध्यक्ष डीके शिवकुमार भी मौजूद रहे और अपना चार्ज हैंडओवर किया
लेकिन इस पूरे शक्ति प्रदर्शन में कहीं भी छात्रों की चिंता नहीं की गई और उसकी वजह से कुछ छात्रों ने तो दीवाल फाँद कर सेंटर में घुसने का प्रयास किया लेकिन फिर भी दरवाज़े उनके लिए बंद हो गए थे, NEET की यह परीक्षा दोपहर 01:30 बजे होनी थी लेकिन कुछ बच्चे इसमें 1 या 2 मिनट देरी से पहुँचे और उनका पेपर छूट गया।
ये सब उस कांग्रेस की रैली की बजह से हुआ जिसके मुखिया राहुल गांधी कल तक NEET के लिए लगातार क्रांति की बातें कर रहे थे और एक छात्र के अबू धाबी सेंटर ख़ुद चूज करने पर भी मोदी सरकार को घेर रहे थे। हालाँकि जहाँ कांग्रेस ने एक ओर छात्रों की जिंदगी कठिन की तो वहीं देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने कार्यक्रम रोक दिए।
पीएम मोदी दिल्ली एयरपोर्ट पर 01:15 पर ही आ गए थे लेकिन उनके मूवमेंट की वजह से NEET परीक्षा देने जा रहे बच्चों को कोई असुविधा ना हो, इसके लिए वह 2 बजे तक एयरप्रोट पर रुके रहे और जब परीक्षा शुरू हुई तभी एयरपोर्ट से बाहर निकले।
अच्छा होगा कि कांग्रेस और राहुल गाँधी हंगामा मचाने की बजाय छात्रों का जीवन थोड़ा आसान करने पर ध्यान देते।






